अफ्तार अहमद फर्स्ट एडिटर न्यूज़ सुल्तानपुर
प्रोफेसर पद पर पदोन्नति के साथ विभागाध्यक्ष और ड्यूटी प्रोवोस्ट नियुक्त, शिक्षाविदों व साहित्यिक जगत ने दी मुबारकबाद
नई दिल्ली। जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने फ़ारसी भाषा एवं साहित्य के वरिष्ठ विद्वान और शिक्षाविद डॉ. मोहसिन अली को प्रोफेसर पद पर पदोन्नत करते हुए फ़ारसी विभाग का अध्यक्ष नियुक्त किया है। इसके साथ ही उन्हें विश्वविद्यालय के एम.एम.ए.जे. हॉल ऑफ बॉयज़ रेजिडेंस का ड्यूटी प्रोवोस्ट भी नामित किया गया है। उनकी नियुक्ति पर शिक्षकों, शोधार्थियों, विद्यार्थियों और साहित्यिक जगत से जुड़े लोगों ने खुशी का इज़हार करते हुए उन्हें मुबारकबाद दी है।
प्रो. मोहसिन अली फ़ारसी भाषा एवं साहित्य, ईरानी अध्ययन, तुलनात्मक साहित्य और भारतीय ज्ञान परंपरा के क्षेत्र में लंबे समय से अकादमिक एवं शोध कार्य कर रहे हैं। अपनी अध्यापन क्षमता, शोधपरक दृष्टिकोण और प्रशासनिक दक्षता के चलते उन्होंने शिक्षा जगत में अलग पहचान बनाई है। उनके शोध-पत्र और अकादमिक लेख राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सराहे गए हैं।
प्रो. मोहसिन अली को फ़ारसी, तुर्की, अंग्रेज़ी, उर्दू और हिंदी भाषाओं का व्यापक ज्ञान है। विभिन्न भाषाओं और संस्कृतियों की उनकी समझ ने उन्हें अंतर-भाषायी एवं अंतर-सांस्कृतिक अध्ययन के क्षेत्र में विशिष्ट पहचान दिलाई है। वर्तमान में वे इंडियन नॉलेज सिस्टम के तहत एक महत्वपूर्ण शोध परियोजना पर भी कार्य कर रहे हैं।
सूफ़ी अकादमी, ख़ानक़ाह सुहरवर्दिया चिश्तिया, ख़लीलपुर शरीफ़ के निदेशक सैयद अनवार सफ़ी ने प्रो. मोहसिन अली को मुबारकबाद देते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में फ़ारसी विभाग नई अकादमिक ऊंचाइयों को हासिल करेगा और राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान और मजबूत करेगा।
अकादमी के सदस्यों ने कहा कि प्रो. मोहसिन अली की नियुक्ति उनके दीर्घकालीन शैक्षणिक, शोध एवं अध्यापन कार्यों की सम्मानजनक स्वीकृति है।
इस अवसर पर सूफ़ी अकादमी, ख़ानक़ाह सुहरवर्दिया चिश्तिया, ख़लीलपुर शरीफ़, प्रयागराज (इलाहाबाद) के निदेशक सैयद अनवार सफ़ी समेत अकादमी के सदस्यों ने प्रोफेसर मोहसिन अली को उनकी पदोन्नति एवं नई जिम्मेदारियों के लिए हार्दिक बधाई दी। बधाई देने वालों में विशेष रूप से डॉ. नाज़िर हुसैन, डॉ. सद्दाम हुसैन, डॉ. मोहम्मद रेहान, डॉ. एजाज़ अहमद, डॉ. मोहम्मद सलमान, डॉ. मेहरुन्निसा, डॉ. सना अज़हर, डॉ. शेख़ इशरत इक़बाल, डॉ. रानी हफ़ीज़, ज़ियाउल्लाह सिद्दीकी नदवी, सबा नईम, गुलफ़िशाँ नसीर, ज़ेबा आरा, सैयद इकराम सफ़ी, अबसार चिश्ती, अब्दुल जब्बार अलीमी, इश्तियाक़ अहमद आरिफ़ी, रुक्नुद्दीन आरिफ़ी, मोहम्मद सुबहानी क़ादरी, सैयद महमूद आलम, नूर आला, मोहम्मद आरिज़ तथा सैयद काशिफ़ हुसैन आदि
शामिल रहे।